मानवता की मिसाल: कटनी की कलाबाई कुशवाहा ने किया देहदान, राजकीय सम्मान के साथ दी गई अंतिम विदाई

Shailendra Tiwari
0
​​मृत्यु के बाद भी 'महादान': कटनी की कलाबाई कुशवाहा ने देहदान कर पेश की मानवता की मिसाल। राजकीय सम्मान और गार्ड ऑफ ऑनर के साथ दी गई अंतिम विदाई। कहते हैं कि इंसान खाली हाथ आता है और खाली हाथ जाता है, लेकिन कटनी की श्रीमती कलाबाई कुशवाहा ने इस कहावत को बदल दिया। उन्होंने जाते-जाते अपना शरीर चिकित्सा शोध के लिए सौंप दिया, ताकि उनके जाने के बाद भी भविष्य के डॉक्टर शिक्षा पा सकें और हजारों जिंदगियां बचाई जा सकें। समाज के प्रति इस अटूट समर्पण को देखते हुए, प्रदेश सरकार ने उन्हें पूरे राजकीय सम्मान (State Honor) के साथ विदाई दी।।

...more

कटनी की कलाबाई कुशवाहा ने देहदान कर पेश की मानवता की मिसाल
कटनी की कलाबाई कुशवाहा ने देहदान कर पेश की मानवता की मिसाल

HIGHLIGHTS
  1. ​अंतिम इच्छा का सम्मान: इंदिरा गांधी वार्ड निवासी कलाबाई जी ने जीवित रहते ही लिया था देहदान का संकल्प।
  2. ​गार्ड ऑफ ऑनर: जिला चिकित्सालय में पुलिस बल ने दी सलामी, नम आंखों से उमड़ा शहर का जनसैलाब।
  3. ​भविष्य के लिए प्रेरणा: देहदान करने वालों को राजकीय सम्मान देने की सरकारी पहल के तहत हुई पहली बड़ी कार्रवाई।

​​1. जब मृत्यु बन गई 'जीवन का संदेश'                      

​शिवनगर की रहने वाली कलाबाई कुशवाहा (पति श्री कोदूलाल कुशवाहा) का गुरुवार को निधन हो गया। शोक की इस घड़ी में भी उनके परिजनों ने हिम्मत नहीं हारी और कलाबाई जी की उस अंतिम इच्छा को पूरा करने का फैसला किया, जो उन्होंने वर्षों पहले की थी। परिजनों ने बिना समय गंवाए मेडिकल कॉलेज, जबलपुर से संपर्क किया और अपनी माता की पार्थिव देह को मानवता की सेवा में सौंप दिया


कलाबाई कुशवाहा: पार्थिव देह को मानवता की सेवा में सौंप दिया
कलाबाई कुशवाहा: पार्थिव देह को मानवता की सेवा में सौंप दिया


​2. ​ 'पहला गुरु' बनकर अमर हुईं कलाबाई

​चिकित्सा जगत में कहा जाता है कि एक 'कैडेवर' (दान की गई देह) मेडिकल छात्रों के लिए उनकी पहली गुरु होती है।

  • ​सीखने का आधार: किताबों से इतर, मानव शरीर की जटिल संरचना को समझने के लिए मेडिकल छात्र इन देहों पर ही शोध करते हैं।

  • अमरता का भाव: कलाबाई जी अब शारीरिक रूप से हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनका यह दान भविष्य के सैकड़ों डॉक्टरों के हाथों में हुनर बनकर जीवित रहेगा।



​​3. राजकीय सम्मान: समाज के लिए बड़ा बदलाव

​मध्य प्रदेश सरकार ने देहदान को लेकर समाज में व्याप्त डर और भ्रांतियों को खत्म करने के लिए एक ऐतिहासिक निर्णय लिया है। अब हर देहदानी को राजकीय सम्मान के साथ विदाई दी जाती है। 


कटनी की कलाबाई कुशवाहा ने देहदान कर पेश की मानवता की मिसाल
गार्ड ऑफ ऑनर

कटनी जिला चिकित्सालय में जब पुलिस की टुकड़ी ने उन्हें 'गार्ड ऑफ ऑनर' दिया, तो वहां मौजूद हर शख्स का सीना गर्व से चौड़ा हो गया।



​​​परिजनों का संदेश: ​ "हमें दुःख है कि माँ चली गईं, लेकिन इस बात का गर्व कहीं ज्यादा है कि उनका शरीर अब गलने या जलने के बजाय विज्ञान और समाज के काम आएगा। यह सच्ची मानवता है।"।


यह भी पढ़ें- ढीमरखेड़ा पुलिस की बड़ी सफलता: 10 लाख की अवैध सागौन लकड़ी के साथ तस्कर गिरफ्तार, फिल्मी स्टाइल में हुई घेराबंदी


यह भी पढ़ें-  कटनी न्यूज़: प्रतिबंध के बाद भी अवैध बोरिंग पर पुलिस का छापा, मशीन और ट्रैक्टर जब्त कर आरोपियों पर FIR


यह भी पढ़ें-  Apple 50th Anniversary Sale: iPhone 17 Pro Max और iPad पर मिल रहा है अब तक का सबसे बड़ा डिस्काउंट!







Labels/Tags:  Katni News, Body Donation, Humanity, State Honor, Medical Education, Inspiring Story.








© 2025-2026 Vande Prime | All Rights Reserved.


Disclaimerकृपया इस समाचार को स्वयं भी सत्यापित करें। यह जानकारी विभिन्न स्रोतों से प्राप्त की गई है। इसकी पूर्ण सटीकता का दावा वंदे प्राइम (Vande Prime) नहीं करता।





एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Thank You For Commets. The Vande Prime Team Member Replying you Shortly.

Have a Nice Day

एक टिप्पणी भेजें (0)

Made with Love For

Sahi aur nishpaksh news ke liye Vande Prime ko chunne ke liye Shukriya! ❤
To Top